Friday, August 25, 2017

गंगा आरती

वाराणसी के दशाश्वमेध घाट पर 5 जनवरी 2017 को रिकार्ड किया गंगा आरती का एक वीडियो–


Friday, August 18, 2017

डलहौजी–नीरवता भरा सौन्दर्य

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22 जून
कल का दिन बारिश के जिम्मे रहा या फिर ये कहें कि बारिश का आनन्द लिया गया। तो फिर कल के दिन के लिए निर्धारित कार्यक्रम आज जारी था। गाड़ी वाले से बात हो गयी थी। चम्बा जाने का प्लान कैंसिल करना पड़ा। गाड़ी वाले ने नौ बजे का समय दे रखा था। हल्का–फुल्का नाश्ता करके हम बहुत पहले ही तैयार हो गये थे। बाहर निकले और गाड़ी में सवार हो गये। डलहौजी की सड़कें सँकरी हैं। कभी–कभी भीड़ हो जाती है। लेकिन शोर नहीं होता। बाकी हिल स्टेशनों जैसा भारी–भरकम जमावड़ा नहीं होता। इस समय पीक सीजन है। अगर इस समय यह स्थिति है तो बाकी समय तो और भी खाली रहता होगा।
गाड़ी चली तो उन्हीं पुराने रास्तों पर जिनपर हम पैदल घूम चुके थे। अर्थात बस स्टैण्ड से सुबास चौक,सुबास चौक से गाँधी चौक और गाँधी चौक से पंजपुला की ओर। पंचपुला का अर्थ है पाँच पुल। गाँधी चौक से पंचपुला की दूरी लगभग 2 किमी है। सुन्दर बलखाती सड़क। थोड़ी ही देर में पहुँच गये। बीच में है सतधारा फाल्स। चारों तरफ हरियाली से घिरा पंचपुला छोटा सा कस्बा है। लेकिन डलहौजी से पंजपुला तक पैदल टहलने के लिए आदर्श स्थान है यह।

Friday, August 11, 2017

डलहौजी–बारिश में भीगा एक दिन

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21 जून
डलहौजी हिमाचल प्रदेश के चम्बा जिले में स्थित है। इसे 1854 में एक हिल स्टेशन के रूप में स्थापित किया गया। तत्कालीन वायसराय लार्ड डलहौजी के नाम पर इसका नाम रखा गया था। उस समय अंग्रेज अधिकारी व सैनिक अपनी छुटि्टयां बिताने यहाँ आया करते थे। डलहौजी की समुद्रतल से आैसत ऊँचाई 1970 मीटर या 6460 फीट है। डलहौजी एक बहुत ही छोटा सा कस्बा है जिसकी कुल जनसंख्या 2011 की जनगणना के अनुसार लगभग 7000 है और इस वजह से यहाँ लोगों का शाेर कम ही सुनाई देता है। पर्यटन के लिहाज से यह हिमाचल प्रदेश का सर्वाधिक महत्वपूर्ण स्थान है और इसलिए आज हमने डलहौजी और आस–पास घूमने का प्लान बनाया था।
कल बीस जून को हम खज्जियार गये थे। खज्जियार के अपने रूप–रंग के अलावा बारिश ने भी कई रंग दिखाये। खज्जियार के कई सारे रूप एक ही दिन में देखने को मिल गये। शाम को आने के बाद हम डलहौजी और उसके आस पास घूमने के लिए एक गाड़ी बुक करने के फेर में थे। होटल वाले के माध्यम से बात भी हो गयी। हम निश्चिन्त होकर सो गये। अगले दिन डलहौजी घूमने के सपने लेकर। लेकिन किस्मत ने कुछ और ही निर्धारित कर रखा था।

Friday, August 4, 2017

खज्जियार–मिनी स्विट्जरलैण्ड

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20 जून
डलहौजी के आस–पास देखने के लिए बहुत कुछ है। लेकिन घूमने के लिहाज से अच्छा यही रहता है कि दूर वाला पहले घूम लें नजदीक वाला बाद में। इसलिए आज मिनी स्विट्जरलैण्ड के नाम से विख्यात खज्जियार की ओर निकल पड़े। खज्जियार जाने के लिए भी समस्या। अगर रिजर्व साधन से जाना चाहते हैं तो स्थानीय ट्रैवेल एजेण्ट लूटमार करने पर उतारू हैं। डलहौजी से खज्जियार की दूरी 22 किमी है। खज्जियार और दो–तीन और रास्ते में पड़ने वाली छोटी–छोटी जगहों को मिलाकर 2500 रूपये का पैकेज तैयार कर दिया गया है। अब अगर निगल सकते हैं तो निगलिए।